समय का पहिया चलता रहे,

समय का पहिया चलता रहे,
डेडलाइन्स की जंजीर में बंधा रहे।
काम का बोझ बढ़ता जाता,
हौंसला मगर कम न हो पाता।

समय की सुई आगे बढ़े,
मन की उम्मीदें हर रोज चढ़े।
दिन-रात की मेहनत रंग लाए,
डेडलाइन्स की राह में न थक जाए।

अवसर के दीप जलाते रहो,
सपनों की उड़ान भरते रहो।
मुश्किलें आएं, हौंसले बढ़ाएं,
डेडलाइन्स की जंग हम जीत जाएं।

हर पल का मोल समझो,
हर क्षण को सहेजते रहो।
समय की कद्र करना सीखो,
डेडलाइन्स को पूरा करना मानो।

आधी-अधूरी आरज़ू

मैं दिखती हूँ, तू देखता है, तेरी प्यास ही मेरे श्रृंगार की राह बनती है। मैं संवरती हूँ, तू तड़पता है, तेरी तृष्णा ही मेरी पहचान गढ़ती है। मै...